डिण्डौरी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा शनिवार को देश एवं प्रदेश के चयनित जिलों में ‘प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना’ और ‘दलहन मिशन’ का शुभारंभ किया गया। मध्यप्रदेश से इस योजना में डिण्डौरी सहित 8 जिले शामिल हैं। कार्यक्रम का लाइव प्रसारण कलेक्ट्रेट ऑडिटोरियम एवं बस स्टैंड परिसर डिण्डौरी में किया गया। इसके साथ ही विकासखंड स्तर पर भी आयोजन हुए। कलेक्ट्रेट ऑडिटोरियम में आयोजित में आयोजित कार्यक्रम में विधायक ओमप्रकाश धुर्वे मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने कहा कि सशक्त किसान ही समृद्ध राष्ट्र की नींव हैं, और स्वदेशी उत्पादों को अपनाने तथा कृषि आधारित उद्योगों को बढ़ावा देने की आवश्यकता पर बल दिया। कृषि विज्ञान केंद्र डिंडौरी की वैज्ञानिक डॉ. गीता सिंह ने योजना की रूपरेखा एवं उपयोगिता पर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने किसानों से फसल अवशेष (नरवाई) प्रबंधन अपनाने तथा सुपरसीडर एवं रोटावेटर से फसल अवशेष को मिट्टी में मिलाकर मृदा सुपोषण करने को कहा। कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया ने किसानों से सोयाबीन पंजीयन कर भावांतर भुगतान योजना का लाभ लेने और रानी दुर्गावती अन्न प्रोत्साहन योजना अंतर्गत कोदो-कुटकी की फसल बोने वाले किसानों से पंजीयन कराने का आग्रह किया। उन्होंने जैविक खेती को बढ़ावा देने पर विशेष जोर दिया। कृषि विज्ञान केंद्र डिण्डौरी की रेणु पाठक ने कृषि एवं संबद्ध गतिविधियों पर अपने अनुभव साझा किए, जिससे जिले के किसानों को प्रेरणा मिली। जिले के विभिन्न विभागों के अधिकारी, कर्मचारी एवं कृषक सहित लगभग 928 प्रतिभागियों ने इस कार्यक्रम में भाग लिया। जिले के सभी ब्लॉकों में कार्यक्रम का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया तथा अनेक किसानों ने ऑनलाइन माध्यम से भी सहभागिता की।

ये रहे उपस्थित
उक्त कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष रुदेश परस्ते, उपाध्यक्ष अंजू ब्यौहार, सदस्य हीरा रूद्रेश परस्ते, भाजपा जिलाध्यक्ष चमरू सिंह नेताम, जनपद पंचायत अध्यक्ष, लक्ष्मण ठाकुर, महेश धूमकेती सहित अन्य जनप्रतिनिधि और प्रशासनिक अधिकारियों में कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया, सीईओ जिला पंचायत दिव्यांशु चौधरी, अपर कलेक्टर जेपी यादव, एसडीएम डिण्डौरी भारती मेरावी, कृषि उप संचालक अभिलाष चौरसिया, संचालक आत्मा परियोजना नेहा धूरिया व अन्य अधिकारी कर्मचारी व बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे।










